प्रेम क्या है ..?? एक विश्वास, एक साधना .!!

ऐसी साधना .. जिसमें त्याग की भावना हो .!!

ऐसी भावना जिसमें अर्पण की आकांक्षा हो.!!

ऐसी आकांक्षा जो निश्छल प्रेम का आधार हो !!

ऐसा आधार ... जो अमर प्रेम का अवलंब हो !!

ऐसा अवलंब ....जो अमरत्व की पहचान हो !!

ऐसी पहचान ..जिसमें गौरव का अहसास हो !!

ऐसा अहसास.. जिसमें संतुष्टि का आभास हो !!

ऐसा आभास  ..जिसमें देवत्व की अनुभूति हो!!

ऐसी अनुभूति जिसमें आराध्य की प्रतिकृति हो!!

ऐसी प्रतिकृति जिसमें शाश्वत प्रेम की दीप्ति हो!!

ऐसी दीप्ति ....जिसमें प्रणय की स्वीकृति हो ..!!

ऐसी स्वीकृति जिसमें समर्पण की अभिव्यक्ति हो!!

ऐसी अभिव्यक्ति ...जिसमें मीरा-सी भक्ति हो ..!!

ऐसी भक्ति ...जिसमें दिव्य प्रेम की प्रतीति हो .!!

©अनीता सिंह 'अपराजिता'